Wednesday , May 22 2024
ताज़ा खबर
होम / देश / मेजर जनरल सहित सेना के सात अफसरों को उम्रकैद , फर्जी मुठभेड़ में 5 युवाओं की हत्या का मामला

मेजर जनरल सहित सेना के सात अफसरों को उम्रकैद , फर्जी मुठभेड़ में 5 युवाओं की हत्या का मामला

नई दिल्ली: 

मेजर जनरल एके लाल (Major General AK Lal) सहित सात सैन्यकर्मियों को आर्मी कोर्ट( army court ) ने 24 साल पुराने पांच युवाओं के फर्जी एनकाउंटर मामले(Fake encounter case in Assam) में उम्रकैद की सजा सुनाई है. उम्रकैद की सजा पाने वालों में मेजर जनरल एके लाल, कर्नल थॉमस मैथ्यू, आरएस सिबिरेन, दिलीप सिंह, कैप्टन जगदेव सिंह, नायक अलबिंदर सिंह और नाइक शिवेंद्र सिंह शामिल हैं.दरअसल, असम के तिनसुकिया जिले में 1994 में यह एनकांटर हुआ था. जिसमें सभी आरोपी सेना के अफसरों का कोर्ट मार्शल हुआ.

एनकाउंटर के वक्त यूपी पुलिस की बंदूक ने दिया धोखा, तो मुंह से ही ‘ठांय-ठांय’ की आवाज निकाल बदमाशों को डराया

18 फरवरी 1994 में एक चाय बागान के एक्जीक्यूटिव की हत्या की आशंका पर सेना ने नौ युवाओं को तिनसुकिया जिले से पकड़ा था. इस मामले में बाद में सिर्फ चार युवा ही छोड़े गए थे, बाकी लापता चल रहे थे. जिस पर पूर्व मंत्री और बीजेपी नेता जगदीश भुयन ने हाई कोर्ट के सामने याचिका के जरिए इस मामले को उठाया था. उस वक्त सैन्यकर्मियों ने फर्जी एनकाउंटर में पांच युवाओं को मार गिराते हुए उन्हें उल्फा उग्रवादी करार दिया था. जगदीश भुयान ने गुवाहाटी हाई कोर्ट में 22 फरवरी को उसी वर्ष याचिका दायकर कर गायब युवाओं के बारे में जानकारी मांगी.

जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बलों से मुठभेड़ में मारे गए दो आतंकी

हाई कोर्ट ने भारतीय सेना को आल असम स्टूडेंट्स यूनियन के सभी नेताओं को  नजदीकी पुलिस थाने में पेश करने का हुक्म दिया. जिस परसेना ने धौला पुलिस स्टेशन पर पांच युवाओं का शव पेश किया. जिसके बाद सैन्य कर्मियों का 16 जुलाई से कोर्ट मार्शल शुरू हुआ और 27 जुलाई को निर्णय कर फैसला सुरक्षित रख लिया गया. सजा की घोषणा शनिवार को को हुई. यह जानकारी सेना के सूत्रों ने रविवार को दी. भुयन ने कहा-इस फैसले से अपने न्यायतंत्र, लोकतंत्र और सेना में अनुशासन और निष्पक्षता में भरोसा और मजबूत हुआ है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Enable Google Transliteration.(To type in English, press Ctrl+g)