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भोपाल के निर्मित क्षेत्रों में अधिभोग उल्लंघन संबंधी विषयों पर, पर्यावरण तथा व्यापक लोक हित के लिए नीतिगत निर्णय लेने के उद्देश्य से बनेगी समिति

भोपाल के निर्मित क्षेत्रों में अधिभोग उल्लंघन संबंधी विषयों पर, पर्यावरण तथा व्यापक लोक हित के लिए नीतिगत निर्णय लेने के उद्देश्य से बनेगी समिति

समिति के सुझाव प्राप्त होने पर राज्य शासन द्वारा निर्धारित प्रक्रिया से ही नगर निगम भोपाल द्वारा की जाएगी कार्यवाही

*मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल शहर के जनप्रतिनिधियों के साथ ली अधिकारियों की बैठक , मुख्य सचिव भी थे उपस्थित *

भोपाल

मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने भोपाल शहर के जनप्रतिनिधियों के साथ अधिकारियों की बैठक ली।बैठक में मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल भीं थे उपस्थित । बैठक में मंत्री श्री विश्वास सारंग , मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर, विधायक श्री रामेश्वर शर्मा एवं भगवान दास सबनानी उपस्थित थे। साथ ही मुख्य सचिव श्री अशोक वर्णवाल , अपर मुख्यसचिव श्री नीरज मंडलोई , आयुक्त नगरीय प्रशासन श्री संकेत भोंडवे, आयुक्त नगर तथा ग्राम निवेश श्री कौशलेन्द्र सिंह, कलेक्टर भोपाल श्री प्रियंक मिश्रा , आयुक्त नगर निगम श्रीमती संस्कृति जैन आदि भी उपस्थित थे। 

•    माननीय सर्वोच्च न्यायालय के सिविल अपील क्रमांक 14604/2024 में पारित आदेश दिनांक 17 दिसम्बर, 2024 एवं विविध अपील डायरी क्रमांक 1713/2026 में पारित आदेश में भोपाल शहर में निर्मित भवनों के अधिभोग उल्लंघन संबंधी आदेशों के पालन में प्रक्रिया और नीतिगत निर्णय के लिए समिति का गठन होगा।   
•    राज्य शासन द्वारा समिति के सुझाव के तारत्म पर निर्धारित प्रक्रिया से किया जाएगा, माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेश का पालन। 
•    फिलहाल नगर निगम भोपाल द्वारा कोई कठोर कार्यवाही नहीं की जाएगी।
•    समिति में निम्नानुसार अध्यक्ष और सदस्य रहेंगे- 
1- अपर मुख्य सचिव, नगरीय विकास एवं आवास विभाग, अध्यक्ष
2- अपर  प्रमुख सचिव, सूक्ष्म लघु और मध्यम उद्यम विभाग, सदस्य
3- सचिव श्रम विभाग, सदस्य
4- आयुक्त नगरीय प्रशासन एवं विकास, सदस्य 
5- महानिरीक्षक पंजीयन एवं मुद्रांक ,मध्य प्रदेश, सदस्य 
6- सदस्य सचिव मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण मंडल,सदस्य
7-  उप सचिव पर्यावरण विभाग, सदस्य 
8- आयुक्त नगर तथा ग्राम प्रवेश, सदस्य 
कलेक्टर भोपाल और आयुक्त नगर निगम (विशेष आमंत्रित सदस्य)

इस समिति द्वारा माननीय न्यायालय के आदेशों के पालन हेतु सभी पहलुओं पर अध्ययन कर शासन को प्रतिवेदन प्रस्तुत किया जाएगा । इस प्रतिवेदन पर शासन विचार उपरांत प्रक्रिया निर्धारित कर सकेगा जिसके अनुसार नगर निगम भोपाल द्वारा पालन करवाया जाएगा। तब तक नगर निगम भोपाल कोई सख्त कार्यवाही नहीं करेगा, यह भी आज जनप्रतिनिधियों के साथ हुई बैठक में निर्णय लिया गया है।

दिखावे की कार्रवाई से लोगों में आक्रोश
संयुक्त रहवासी संघ के सदस्य विवेक त्रिपाठी ने कहा कि शनिवार को नगर निगम ने अवैध दुकानों के खिलाफ जो कार्रवाई की, वह केवल औपचारिकता थी। इससे शहर के नागरिकों में भारी नाराजगी है। उनका कहना है कि यदि नियमों का पालन कराना है तो पूरे शहर में एक समान कार्रवाई होनी चाहिए, न कि कुछ क्षेत्रों को छोड़ दिया जाए।

भू-माफियाओं को संरक्षण देना बंद करे निगम
विवेक त्रिपाठी ने आरोप लगाया कि नगर निगम भू-माफियाओं और प्रभावशाली लोगों से जुड़े अवैध प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई करने से बच रहा है। उन्होंने कहा कि निगम को अपनी कार्यप्रणाली में सुधार करना चाहिए और सभी अवैध दुकानों व व्यावसायिक गतिविधियों पर बिना किसी भेदभाव के तालाबंदी करनी चाहिए। 

नगर निगम के घेराव की चेतावनी
रहवासी संघ ने चेतावनी दी कि यदि नगर निगम ने पूरे शहर में समान रूप से कार्रवाई नहीं की तो नगर निगम मुख्यालय के बाहर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शहरभर के रहवासी इस आंदोलन में शामिल होंगे और निगम की कार्यप्रणाली के खिलाफ व्यापक विरोध दर्ज कराया जाएगा। विवेक त्रिपाठी ने कहा कि नगर निगम की कार्रवाई और कथित भेदभाव से जुड़े सभी तथ्यों को न्यायालय के समक्ष रखा जाएगा। उनका कहना है कि वर्ष 2021 से इस मुद्दे को लगातार उठाया जा रहा है और अब समान कार्रवाई सुनिश्चित कराने के लिए कानूनी लड़ाई भी जारी रहेगी।

कल की कार्रवाई के बाद बढ़ा विवाद
शनिवार को नगर निगम ने रोहित नगर और
बावड़ियाकलां में सीलिंग अभियान चलाया था। करीब तीन घंटे की कार्रवाई में केवल दो प्रतिष्ठानों को सील किया गया, जबकि अरेरा कॉलोनी में कोई कार्रवाई नहीं होने पर सवाल उठे। शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि प्रभावशाली लोगों से जुड़े प्रतिष्ठानों को छोड़ दिया गया। हालांकि नगर निगम ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार पूरे शहर में चरणबद्ध तरीके से अभियान जारी रहेगा।