
मुंबई: यूनियन बैंक ऑफ इंडिया ने साइबर सुरक्षा जागरूकता माह की शुरुआत की. इस पहल का उद्देश्य बैंक के कर्मचारियों और ग्राहकों के बीच साइबर सुरक्षा जागरूकता फैलाना और सुरक्षित साइबर संस्कृति को बढ़ावा देना है.
यूनियन बैंक ऑफ इंडिया अक्टूबर महीने को राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा जागरूकता माह (एनसीएसएएम) के रूप में मना रहा है, जिसके दौरान वेबिनार, प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताएं, साइबर सुरक्षा का सोशल मीडिया प्रचार, साइबर जागरूकता विडियो क्लिप, हिन्दी में साइबर कॉमिक्स, साइबर फ़िटनेस और साइबर वार्ता जैसी कई जागरूकता गतिविधियां पूरे अक्टूबर महीने के दौरान आयोजित की जा रही हैं. इस अभियान की थीम “सी योरसेल्फ़ इन साइबर” है.
साइबर सुरक्षा जागरूकता पर सत्र देने के लिए साइबर सुरक्षा डोमेन से प्रख्यात वक्ताओं को आमंत्रित करके दैनिक वेबिनार आयोजित किए जा रहे हैं. अपने अनुभव को साझा करने के लिए बैंक के क्षेत्रीय अधिकारी भी वेबिनार में भाग ले रहे हैं. www.cybercrime.gov.in और टोल फ्री नंबर 1930 द्वारा ग्राहकों की शिकायतों के पंजीकरण को भी बैंक बढ़ावा दे रहा है.
इस आयोजन पर टिप्पणी करते हुए सुश्री ए मणिमेखलै, प्रबंध निदेशक एवं सीईओ ने कहा, “यूनियन बैंक डिजिटलीकरण के साथ-साथ साइबर पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करते हुए ग्राहकों के लिए बैंकिंग को आसान बनाने के लिए विभिन्न प्रयास कर रहा है. डिजिटल बैंकिंग अनुभव को सुरक्षित बनाने की आगे की यात्रा में साइबर सुरक्षा जागरूकता एक महत्वपूर्ण पहलू है.”
इसके अतिरिक्त, यूनियन बैंक ने पहले ही बैंक की सुरक्षा स्थिति को मजबूत करने के लिए हैदराबाद में साइबर सिक्योरिटी सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (सीसीओई) के तहत एथिकल हैकिंग लैब और ऑटोमेटेड वीएपीटी लैब का शुभारंभ किया है. साथ ही, बैंक नई प्रौद्योगिकियों को लागू करने, साइबर सुरक्षा संस्कृति में सुधार और साइबर सुरक्षा जागरूकता में उत्कृष्टता के लिए साइबर सुरक्षा डोमेन से जुड़े प्रमुख संस्थानों, सरकारी निकायों आदि के साथ मिल कर काम करता है.
Dainik Aam Sabha