भोपाल
ट्रैप प्रकरण में आरोपित को बचाने के लिए वॉइस सैंपल बदलने की कथित साजिश से जुड़े वीडियो के सामने आने के बाद लोकायुक्त संगठन में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई हुई है। विशेष पुलिस स्थापना (लोकायुक्त) के महानिदेशक योगेश देशमुख ने भोपाल में पदस्थ डीएसपी मंजू सिंह और डीएसपी बीएम द्विवेदी की प्रतिनियुक्ति तत्काल प्रभाव से समाप्त कर उन्हें पुलिस मुख्यालय वापस भेज दिया है।
इसके साथ ही दोनों अधिकारियों के निलंबन की अनुशंसा भी राज्य शासन को भेजी गई है। अधिकारियों पर संदिग्ध आचरण और सेवा आचरण नियमों के उल्लंघन के आरोप लगाए गए हैं। सूत्रों के अनुसार शुक्रवार को उनके निलंबन संबंधी औपचारिक आदेश भी जारी हो सकते हैं।
उल्लेखनीय है कि दोनों अधिकारी करीब एक वर्ष पहले लोकायुक्त सागर जोन से भोपाल स्थानांतरित होकर आए थे। गुरुवार को सामने आए एक वीडियो ने पूरे मामले को तूल दे दिया, जिसमें लोकायुक्त संगठन से जुड़े कुछ कर्मचारी ट्रैप केस में आरोपित को लाभ पहुंचाने के लिए वॉइस सैंपल बदलने की बात करते दिखाई और सुनाई दे रहे हैं।
वीडियो वायरल होने के बाद विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए लोकायुक्त कार्यालय में पदस्थ जिला पुलिस बल के तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया था। वहीं, मामले में शामिल एक एसएएफ जवान के निलंबन के लिए एडीजी एसएएफ को पत्र भेजा गया है। एक चालक भी जांच के दायरे में है, जो लोकायुक्त संगठन में पदस्थ बताया जा रहा है।
सूत्रों का कहना है कि यदि वीडियो की मूल रिकॉर्डिंग और अन्य तकनीकी साक्ष्य जांच में प्रमाणित हो जाते हैं, तो इस पूरे मामले में लोकायुक्त थाने में एफआईआर दर्ज कर आपराधिक कार्रवाई भी की जा सकती है।
Dainik Aam Sabha