इजरायल
अमेरिका और इजरायल के खिलाफ जवाबी कार्रवाई कर रहे ईरान की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। खबर है कि अब अजरबैजान ने ड्रोन हमले की बदला लेने की कसम खाई है। साथ ही मुल्क के राष्ट्रपति ने अटैक का जवाब देने के निर्देश अपनी सेना को दे दिए हैं। खबर है कि अजरबैजान ने ईरान से सफाई देने की भी मांग की है। ईरान ने कतर, कुवैत, सऊदी अरब समेत कई मुल्कों में हमले किए हैं।
भड़क गया अजरबैजान
राष्ट्रपति इल्हाम अलीयेव ने ईरान पर 'आतंकवाद और आक्रामकता का निराधार कृत्य' करने का आरोप लगाया। साथ ही कहा कि उनकी सेना को जवाबी कार्रवाई की तैयारी और उसे लागू करने के निर्देश दिए गए हैं। अजरबैजान के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि ईरान ने नखचिवान की ओर चार ड्रोन भेजे थे, जिनमें से एक को अजरबैजानी सेना ने निष्क्रिय कर दिया, जबकि अन्य ने नागरिक सुविधाओं को निशाना बनाया, जिनमें एक स्कूल भी शामिल था जहां कक्षाएं चल रही थीं।
बड़ी बैठक हुई
रॉयटर्स के अनुसार, राष्ट्रपति अलीयेव ने सुरक्षा परिषद की बैठक में कहा, 'हम अजरबैजान के खिलाफ इस बगैर उकसावे के किए गए आतंकवादी कृत्य और आक्रमण को सहन नहीं करेंगे। हमारे सशस्त्र बलों से तैयारी करने और उचित जवाबी कार्रवाई करने के निर्देश दे दिए गए हैं।' उन्होंने कहा, 'हम किसी भी दुश्मन ताकत के खिलाफ अपनी शक्ति दिखाने के लिए तैयार हैं। उन्हें ईरान में ये नहीं भूलना चाहिए।'
बातचीत की मांग
एक्सियोस से बातचीत में अजरबैजान के अमेरिका में राजदूत खजार इब्राहिम ने कहा कि उनका मुल्क उचित उपाय कर रहा है। जब पूछा गया कि क्या वह अगले हमले को लेकर चिंतित हैं। इसपर उन्होंने कहा कि यह चिंता की बात नहीं है। उन्होंने कहा, 'इसके बजाय हम हिसाब लगा रहे हैं, तथ्य जुटा रहे हैं और हम फैसले ले रहे हैं।'
एजेंसी वार्ता के अनुसार, अजरबैजान के विदेश मंत्रालय ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा है कि ईरान की ओर से दागे गए कई ड्रोन उनके क्षेत्र में गिरे हैं। इनमें से एक ड्रोन ने हवाई अड्डे की टर्मिनल बिल्डिंग को क्षतिग्रस्त किया है, जबकि दूसरा एक स्कूल भवन के पास जाकर गिरा। मंत्रालय ने इस घटना पर कड़ी आपत्ति जतायी और साथ ही ईरान से यह सुनिश्चित करने के लिए कहा कि इस तरह की घटना दोबारा न हो। साथ ही मंत्रालय ने अजरबैजान में ईरान के राजदूत को अपनी कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर करने के लिए तलब किया।
ईरान क्या बोला
ईरान के सशस्त्र बलों के जनरल स्टाफ ने अजरबैजान की ओर ड्रोन भेजने से इनकार किया है। ईरान ने बार-बार युद्ध में तेल और अन्य नागरिक ठिकानों को निशाना बनाने से इनकार किया है, हालांकि उसके ड्रोन और मिसाइल हमलों ने इन स्थलों को निशाना बनाया है।
Dainik Aam Sabha