Monday , March 16 2026
ताज़ा खबर
होम / देश / नितिन गडकरी बोले- हमारा देश धर्मशाला नहीं, विदेशी नागरिकों को बसने नहीं देंगे

नितिन गडकरी बोले- हमारा देश धर्मशाला नहीं, विदेशी नागरिकों को बसने नहीं देंगे

एजेंडा आजतक 2019 के दूसरे दिन सत्र ‘ये रास्ते हैं रोजगार के’ में सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने शिरकत की. उन्होंने नागरिकता कानून पर सरकार का पक्ष रखा और विपक्ष पर लोगों को भड़काने का आरोप लगाया. गडकरी ने कहा कि कोई देश अपने यहां अवैध घुसपैठियों को बर्दाश्त नहीं करेगा. साथ ही उन्होंने कहा कि यह कानून देश के नागरिकों के खिलाफ नहीं है और लोगों को भड़काने में नहीं आना चाहिए.

नागरिकता संशोधन कानून पर मचे बवाल पर गडकरी ने कहा कि कोई भी देश अपने मुल्क में अवैध रूप से घुसपैठ करने वाले लोगों को बर्दाश्त नहीं करेगा. उन्होंने कहा कि कहा कि नागरिकता कानून के खिलाफ अफवाहें फैलाई जा रही हैं. उन्होंने कहा कि सरकार धर्म, जाति और पंथ के आधार पर किसी के साथ भेदभाव नहीं करती बल्कि कुछ पार्टियां अल्पसंख्यकों में भ्रम पैदा कर उन्हें डराने का काम कर रही हैं. गडकरी ने कहा कि हमें भरोसा है कि लोग हमारी बात समझेंगे और जल्द हालात सामान्य होंगे. जो भी राजनीतिक दल भ्रम पैदा कर रहे हैं वह देश की एकता और अखंडता को बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं.

क्या है हिन्दुत्व?

हिन्दुत्व के सवाल पर गडकरी ने कहा कि हिन्दुत्व कोई पूजा-पद्धति नहीं बल्कि जीवन जीने की पद्धति है, जो भी इस देश में रहता है भले ही किसी भी धर्म को मानता हो वह आदमी भारतीय और हिन्दू है. उन्होंने कहा कि इस देश में रहने वाले सभी धर्मों के लोग हिन्दुस्तानी हैं और हिन्दू कोई संकुचित शब्द नहीं है. सरकार सबका समान विकास करने के लिए प्रतिबद्ध है जहां किसी के साथ कोई भेदभाव न हो.

नितिन गडकरी ने कहा कि बीजेपी अल्पसंख्यकों के खिलाफ कतई नहीं है. कुछ राजनीतिक दल सिर्फ डर पैदा करना चाहते हैं और उनके बहकावे में अल्पसंख्यकों को नहीं आना चाहिए. इस कानून से किसी भी मुस्लिम का नुकसान नहीं होने वाला है. गडकरी ने कहा कि क्या दुनिया का कोई भी देश अवैध रूप से घुसे हुए लोगों को मतदान का अधिकार दे सकता है लेकिन हमारे यहां तो बांग्लादेश से आए लोगों ने अपनी पार्टियां बनाईं, यही नहीं वह विधायक और सांसद भी बन गए.

गडकरी ने कहा कि असम में बड़ी तादाद में बांग्लादेशी घुसपैठ हुई है. इन लोगों को नागरिक अधिकार भी मिल गए हैं. उन्होंने कहा कि क्या संसद में इन लोगों के खिलाफ कोई कानून नहीं आना चाहिए. गडकरी ने कहा कि जिन अल्पसंख्यकों के साथ पाकिस्तान और बांग्लादेश में अत्याचार हुआ है उन्हें देश में नागरिकता दी जा रही है, इससे किसी भारतीय को नुकसान नहीं है.

हमारा देश धर्मशाला नहीं…

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि देश में हिन्दू और मुस्लिम दोनों को बराबर दाम में गैस का सिलेंडर, पेट्रोल मिलता है, किसी के साथ भेदभाव नहीं किया जाता. हमारा देश धर्मशाला नहीं और किसी भी सूरत में विदेशी नागरिकों को अवैध रूप से देश में बसने नहीं देंगे. दुनिया का कोई मुल्क यह बर्दाश्त नहीं करेगा.

असम में एनआरसी पर हो रहे प्रदर्शन को लेकर गडकरी ने कहा कि जिनका नाम लिस्ट में नहीं आया है, उनके पास कानूनी विकल्प बचे हैं. वहां लगातार वोटर बढ़ते जा रहे हैं जिससे साफ जाहिर है कि अवैध रूप से बांग्लादेश के लोग भारत में घुस आए हैं. क्या कांग्रेस और ओवैसी जैसे नेता अवैध घुसपैठियों को भारत की नागरिकता दिलवाना चाहते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Enable Google Transliteration.(To type in English, press Ctrl+g)